पितृ आरती – पितरो की पूजा में जरुर ले काम में

श्राद्ध के इन दिनों में पितरों के तर्पण के लिए जहां विधि-विधान से पूजा अर्चना पितरों को संतुष्ट करती है, वहीं यदि आप इन पंद्रह दिनों में नियमित रूप से आरती करें | पितृ परलौकिक शक्तियों को प्रसन्न करती है यह आरती | इसके माध्यम से हम भूतकाल में हुई कोई भूल चुक की क्षमा याचना भी करते है |

पितरो की आरती

जय जय पितर महाराज, मैं शरण पड़यों हूँ थारी।

शरण पड़यो हूँ थारी बाबा, शरण पड़यो हूँ थारी।।

आप ही रक्षक आप ही दाता, आप ही खेवनहारे।

मैं मूरख हूँ कछु नहिं जाणूं, आप ही हो रखवारे।।

जय।।

आप खड़े हैं हरदम हर घड़ी, करने मेरी रखवारी।

हम सब जन हैं शरण आपकी, है ये अरज गुजारी।।

जय।।

देश और परदेश सब जगह, आप ही करो सहाई।

काम पड़े पर नाम आपको, लगे बहुत सुखदाई।।


जय।।

भक्त सभी हैं शरण आपकी, अपने सहित परिवार।

रक्षा करो आप ही सबकी, रटूँ मैं बारम्बार

।। जय।।

Other Similar Posts

प्रेतराज सरकार की महिमा और आरती

शिव आरती हिंदी में जय शिव ओंकारा हर ॐ शिव ओंकारा

भगवान सूर्य देव आरती

देवगुरु बृहस्पति की आरती

तुलसी जी की आरती

नवग्रह की आरती

भगवान नरसिंह जी की आरती

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.